Pradhan Mantri Swamitva Yojana 2021 | प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गांव के लोगों को उसकी आवासीय जमीन का मालिकाना हक दिलाने के लिए Pradhan mantri swamitva yojana (प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना) लायी है। इस योजना का शुभारंभ राष्ट्रीय पंचायती दिवस (24 अप्रैल 2020) के मौके पर किया गया था। इस योजना के तहत गांव के लोगों को उसके घर/प्रॉपर्टी पर मालिकाना हक को सुनिश्चित करने के लिए कानूनी दस्तावेज या प्रॉपर्टी कार्ड दिए जाएंगे।

इस लेख में हम Pradhan mantri swamitva yojana क्या है? इसकी आवश्यकता क्यों है? इसी विशेषताएं व लाभ क्या हैं? Pradhan mantri swamitva yojana Online Registration की प्रक्रिया क्या है? इन सबके बारे में विस्तार से जानेंगे।

Pradhan Mantri Swamitva Yojana

वर्तमान समय में भारत के गांवों की ज्यादातर आबादी के पास उसकी आवासीय जमीन या प्रॉपर्टी का वैध दस्तावेज उपलब्ध नहीं है। सरकार के पास भी इसका सही डाटा उपलब्ध नहीं है। आवासीय जमीन का दस्तावेज उपलब्ध न होने की वजह से गांव के लोगों को उसकी जमीन पर लोन नहीं मिल पाती थी। ऐसे में भारत सरकार ने गांव को लोगों को उसके घर या आवासीय जमीन का एक वैलिड दस्तावेज के तहत मालिकाना हक देने के लिए प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना की शुरुआत की है। इस योजना की घोषणा 24 अप्रैल 2020 को की गई थी। इस योजना के तहत ड्रोन सिस्टम के जरिए आवासीय जमीन की पैमाईश या मैपिंग कराई जाएगी। इसके बाद उस जमीन के सही मालिक को उसका पॉपर्टी कार्ड सौंपा जाएगा। पॉपर्टी कार्ड मिलने के बाद गांव के लोग भी अपनी आवासीय जमीन पर बैंक से लोन व अन्य योजना का लाभ ले पाएंगे।

प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना की आवश्यकता

गांवों में खेती की जमीन के वैध दस्तावेज व खाता-खसरा नंबर तो उपलब्ध हैं, लेकिन आवासीय जमीन का मालिकाना हक साबित करने के लिए कोई दस्तावेज नहीं हैं। ऐसे में जमीन पर हक को लेकर गांवों में अक्सर झगड़े होते रहते हैं। जमीन का दस्तावेज न होने के कारण बिचौलिए भी जमीन को अवैध तरीके से खरीद-बिक्री करते हैं। कई बार गांव के दबंग भी जमीन पर कब्जा करने लगते हैं। ऐसे में जमीन का मालिकाना हक सुनिश्चित करने के लिए एक वैध दस्तावेज होना बहुत जरूरी है, जिसके लिए केंद्र सरकार ने Pradhan mantri swamitva yojana की शुरुआत की है। इस योजना की वजह से सरकार के पास भी गांव की आवासीय जमीन का डाटा आ जाएगा।

इस योजना के पहले चरण में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 11 अक्टूबर 2020 को 6 राज्यों के 763 गांवों के 1 लाख 32 हजार लोगों को SMS के द्वारा प्रॉपर्टी कार्ड डाउनलोड करने के लिए लिंक भेजा गया। इसके बाद राज्य सरकारों द्वारा गांव के जमीनों का ड्रोन से मैपिंग कराकर भौतिक रूप से जमीन मालिक को प्रॉपर्टी कार्ड सौंपा जाएगा। अगले चार वर्षों में (अप्रैल 2020 से मार्च 2024 तक) 6.2 लाख गांवों को इस योजना का लाभ दिया जाएगा।

प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना की विशेषताएँ व लाभ

  • यह योजना गांव के आवासीय जमीन के मालिकों का उसका मालिकाना हक सुनिश्चित करने के लिए कानूनी दस्तावेज देगी।
  • इसके योजना के तहत गांव की आवासीय जमीन का डाटा ऑनलाइन उपलब्ध कराया जाएगा।
  • इस योजना का संचालन ई ग्रामस्वराज्य पोर्टल के माध्यम से किया जाएगा।
  • यह योजना भूमाफियों व बिचौलियों पर लगाम लगाने में सहायक सिद्ध होगी।
  • इस योजना के तहत गांव के लोग भी अपनी आवासीय जमीन पर बैंक से लोन ले पाएंगे।

Pradhan Mantri Swamitva Yojana Benefits

  • गांव के आवासीय जमीन का डाटा उपलब्ध हो जाने पर सरकार जमीन पर टैक्स वसूल पाएगी।
  • यह योजना गांवों के आवासीय जमीन के लिए होने वाले भ्रष्टाचार को खत्म करेगा।
  • इस योजना के तहत गांव के हर घर का प्रॉपर्टी कार्ड बनाया जाएगा।जमीन का कानूनी दस्तावेज बन जाने से उसकी खरीद-बिक्री आसानी से हो पाएगी।
  • यह गांवों में जमीन को लेकर होने वाले विवादों को खत्म करेगा।
  • इससे जबरदस्ती जमीन कब्जा करने वाले दबंगों पर भी लगाम लगेगा।

Pradhan Mantri Swamitva Yojana Registration Process

अभी इसे देश के सभी राज्यों के लिए लागू नहीं किया गया है। जिन राज्यों के लिए लागू है वहाँ स्थानीय स्तर पर भौतिक तरीके से जमीन की ड्रोन मैपिंग करवाकर प्रॉपर्टी कार्ड सौंपे जा रहे हैं। इसलिए अभी तक सरकार द्वारा प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना के लिए आवेदन या रजिस्ट्रेशन की सुविधा नहीं दी गई है। इस योजना के संबंध में विशेष जानकारी के लिए आप आधिकारिक वेबसाइट https://egramswaraj.gov.in पर विजिट कर सकते हैं।

Leave a Comment